केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने बिहार चुनाव के पहले बड़ा बयान दिया है.
उन्होंने कहा है कि बुर्के में शक हो तो चेहरा किया जाना चाहिए, ये पाकिस्तान नहीं है. बुर्के की आड़ में फर्जी वोटिंग को लेकर उन्होंने सवाल उठाया है.
गिरिराज सिंह ने यह भी कहा, बिहार के सनातन की अस्मिता के बगैर भारत की पहचान नहीं है. वो पाकिस्तान में हो सकता है, हजारों लाखों मस्जिदें नहीं.
भारत में हमने किसी को रोका नहीं है. आजादी के वक्त हमारे यहां 3 हजार मस्जिद थी, आज तीन लाख हो गया. पाकिस्तान में हजारों मंदिर टूट गए.
आस्था का केंद्र भारत में नहीं होगा तो कहां होगा. कट्टा वाले वीडियो पर भी गिरिराज सिंह ने कहा, जो बच्चा कह रहा है कि तेजस्वी भइया अइहें, कट्टा सटइहैं तो यही तो जंगलराज है ना.
बिहार चुनाव में बुर्का विवाद उभरा
बुर्का विवाद और शरिया कानून पर गिरिराज सिंह ने कहा, आंगनवाड़ी केंद्र की सेविका आई हुई हैं. चुनाव आयोग ने व्यवस्था दी हुई है, कानून का राज है. जिसको बुर्का से नाराजगी है, जिसको आपत्ति है, तो बुर्का उठाकर दिखाना चाहिए.
आधार कार्ड बनाना चाहते हो तो वहां क्यों शरिया कानून नहीं दिखता. एयरपोर्ट जाते हो तो शरिया कानून नहीं दिखता.
मुल्लाओं को यहीं दिखता है शरिया कानून… शरिया कानून नहीं है, ये पाकिस्तान नहीं है, हिन्दुस्तान है. यहां संविधान है और देश इसी से चलेगा.
पाकिस्तान के जैसे शरिया कानून नहीं है
गिरिराज सिंह ने इससे पहले भी कहा था कि पोलिंग एजेंटों या चुनाव कर्मियों को संदेह होगा तो बुर्का उठाकर चेहरा दिखाने को कहा जाएगा.
संविधान ने यह अधिकार दिया है कि अगर शक हो तो ऐसा कराया जा सकता है. उन्होंने कहा था कि बुर्का को लेकर हंगामा क्यों है. कानून सबके लिए एक बराबर है. यहां पाकिस्तान की तरह इस्लामिक शरिया कानून लागू नहीं है.
बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण के तहत 18 जिलों में वोटिंग कराई जा रही है. बिहार चुनाव की 121 सीटों पर मतदान सुबह 7 बजे शुरू हुआ था.
छह सीटों को छोड़कर बाकी सीटों पर मतदान शाम को 6 बजे तक चलेगा. चुनाव में एनडीए बनाम महागठबंधन की टक्कर है. पहले चरण में 15 मंत्रियों की प्रतिष्ठा दांव पर है.