जाने-माने अमेरिकी अर्थशास्त्री जेफरी सैक्स ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा भारत पर लगाए गए टैरिफ को मूर्खतापूर्ण बताया और कहा कि इससे कोई फायदा नहीं है।
ट्रंप को भ्रमित बताते हुए सैक्स ने कहा कि अमेरिका इतने लंबे समय से अपनी प्रभुत्व शक्ति का इस्तेमाल कर रहा है कि उसे लगता है कि वह दुनिया के हर हिस्से पर हुक्म चला सकता है। सैक्स ने न्यूज एजेंसी एएनआई को बताया, “इसका कोई मतलब नहीं है। यह सच नहीं है। यह नाकाम हो रहा है। भारत पर टैरिफ का सरचार्ज लगाना किसी भी मानक से कहीं ज्यादा मूर्खतापूर्ण था। इससे कोई फायदा नहीं है।”
उन्होंने कहा कि ट्रंप ब्रिक्स समूह से इसलिए नफरत करते हैं क्योंकि ये देश अमेरिका के सामने खड़े होकर कहते हैं कि वॉशिंगटन दुनिया को नहीं चलाता।
अर्थशास्त्री ने आगे कहा, “टैरिफ से जुड़ी हर बात गलत है। यह अमेरिकी अर्थव्यवस्था के लिए विनाशकारी है। यह अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन करता है। यह हमारी राजनीतिक व्यवस्था का पतन है। अमेरिका में, ट्रंप की नीतियां नाकाम होने के लिए अभिशप्त हैं।”
जेफरी सैक्स के अनुसार, भारत को अमेरिका पर भरोसा नहीं करना चाहिए और न ही यह मानना चाहिए कि नई दिल्ली वैश्विक मूल्य श्रृंखला में चीन की जगह ले सकता है।
उन्होंने चीन, रूस और ब्राजील को भारत का ‘असली साझेदार’ बताया। जेफरी सैक्स ने पहले डोनाल्ड ट्रंप के टैरिफ को ‘असंवैधानिक’ बताया था। पहले चेतावनी दी थी कि अमेरिका का साथ देकर भारत को कोई सुरक्षा लाभ नहीं होगा।
सैक्स का यह बयान हिंदुस्तान टाइम्स के साथ एक पॉडकास्ट सत्र के दौरान आया था, जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने नई दिल्ली द्वारा रूसी तेल खरीदने के कारण भारत से आयात पर 50 प्रतिशत टैरिफ लगा दिया था।
अर्थशास्त्री के अनुसार, अमेरिकी राजनेताओं को भारत की कोई परवाह नहीं है। उन्होंने कहा था, “अमेरिकी राजनेताओं को भारत की बिल्कुल भी परवाह नहीं है। कृपया इसे समझें। चीन के खिलाफ क्वाड में अमेरिका का साथ देकर भारत को दीर्घकालिक सुरक्षा नहीं मिलेगी। भारत एक महान शक्ति है जिसकी दुनिया में एक स्वतंत्र स्थिति है। टैरिफ पर ट्रंप जो कुछ भी कर रहे हैं वह असंवैधानिक है।”